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Aug 29, 2020

2:06 PM

4 मिनट तक करीब 6 फीट उंचाई पर उड़ी फ्लाइंग कार, कंपनी बोली- 2023 तक तैयार हो जाएगी; इतने मिनट होगी इसकी रेंज

उड़ने वाली कार पर पिछले कई सालों से कई कंपनियां काम कर रही हैं, लेकिन अब ये सपना साकार होने वाला है। यानी जल्द ही आम आदमी की पहुंच उड़ने वाली कार तक होगी। दरअसल, जापान की कंपनी स्काइड्राइव इंक (SkyDrive Inc.) ने अपनी कार का सफल परीक्षण किया है।

एक प्रेस कॉन्फेंस में कंपनी ने कार के उड़ने वाला वीडियो दिखाया। वीडियो में कार जमीन से 2 मीटर (करीब 6.5 फीट) तक की उंचाई पर उड़ती दिखाई दी। वहीं, कार एक फिक्स एरिया में करीब 4 मिनट तक हवा में रही। स्काइ-ड्राइव के इस प्रोजेक्ट के हेड तोमोहिरो फुकुजावा ने कहा कि उन्हें 2023 तक उड़ने वाली कार के फाइनल प्रोडक्ट के तौर पर सामने आने की उम्मीद है। उनके मुताबिक, इसे सुरक्षित बनाना एक बड़ी चुनौती होगी।

कई लोग उड़ाना चाहते हैं ऐसी कार
प्रेस कॉन्फ्रेंस में तोमोहिरो फुकुजावा ने कहा कि दुनियाभर में उड़ने वाली कार को लेकर 100 से ज्यादा कंपनियों के प्रोजेक्ट चल रहे हैं। कई कंपनियां अपने प्रोजेक्ट में एक व्यक्ति को लेकर उड़ान भरने में सफल भी रही हैं। हमें इस बात की उम्मीद है कि उड़ने वाली कार को चलाने वाले कई लोग हैं, लेकिन वे इसे उड़ाने के दौरान खुद को सुरक्षित महसूस करना चाहते हैं।

30 मिनट तक उड़ेगी कार
उन्होंने कहा कि अभी ये कार 5 से 10 मिनट ही उड़ सकती है, लेकिन इसकी उड़ान समय को बढ़ाकर 30 मिनट किया जा सकता है। इन्हें चीन जैसे देशों में निर्यात भी किया जा सकता है।

इन कंपनियों ने की फंडिंग
स्काइड्राइव प्रोजेक्ट पर 2012 में एक स्वैच्छिक परियोजना के तौर पर काम शुरू किया गया था। इस प्रोजेक्ट में जापान की ऑटोमोबाइल कंपनी टोयोटा मोटर कॉर्प, इलेक्ट्रॉनिक कंपनी पैनासोनिक कॉर्प और वीडियो गेम कंपनी बैनडाई नामको (Bandai Namco) ने फंडिंग की है। 3 साल पहले भी इस कार का एक परीक्षण किया गया जो असफल रहा था। इस प्रोजेक्ट को हाल ही में 3.9 बिलियन (करीब 271 करोड़ रुपए) की फंडिंग भी मिली है।

2:04 PM

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और राज्य सभा सांसद दिग्विजय सिंह ने की परीक्षा स्थगित करने की मांग, 6 गैर- एनडीए राज्य पहले ही दायर कर चुके हैं रिव्यू पिटीशन

जेईई-नीट के आयोजन को लेकर एनटीए और सरकार के तरफ से परीक्षा के आयोजन के बारे में जानकारी में दिए जान के बाद भी परीक्षा को लेकर लगातार विरोध जारी है। इसी क्रम में अब राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने केंद्र सरकार से कोरोना महामारी के बीच जेईई और नीट परीक्षा को स्थगित करने की मांग की है।

अशोक गहलोत ने शेयर किया वीडियो संदेश

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत अपने ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट से एक वीडियो जारी कर कहा कि लाखों स्टूडेंट्स और उनके माता-पिता उनके स्वास्थ्य को लेकर चिंतित हैं। देश में कोरोना वायरस बढ़ते मामलों और महामारी के कारण परिवहन और होटलों की समस्या को देखते हुए केंद्र को तुरंत फैसला लेना चाहिए, क्योंकि अब बहुत कम समय बचा है। सरकार को परीक्षा स्थगित करने में अब संकोच नहीं करना चाहिए।

दिग्विजय सिंह ने तीन से छह महीने परीक्षा स्थगन की मांग की

वहीं, मध्य प्रदेश कांग्रेस से राज्य सभा सांसद दिग्विजय सिंह ने कहा कि कोरोना के कारण बनी मौजूदा स्थिति को देखते हुए परीक्षाएं तीन से छह महीने के लिए स्थगित कर दी जानी चाहिए। देश में रोजाना कोरोनावायरस के 70,000 से ज्यादा मामले सामने आ रहे हैं। लेकिन इस स्थिति के बीच, NEET- JEE परीक्षा आयोजित की जा रही है। ऐसे में अगर छात्रों को कुछ हुआ तो इसके लिए कौन जिम्मेदार होगा? राज्यसभा सांसद ने यह भी कहा कि , "मैं केंद्र और सुप्रीम कोर्ट से इस फैसले पर पुनर्विचार करने का अनुरोध करता हूं ,क्योंकि हमें भी बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करना है।"

6 राज्यों ने दायर की रिव्यू पिटीशन

इससे पहले शुक्रवार को 6 राज्यों के मंत्रियों ने सुप्रीम कोर्ट में अपने आदेश की समीक्षा करने की मांग करते हुए रिव्यू पिटीशन दायर की है। दरअसल, 17 अगस्त को शीर्ष अदालत ने मेडिकल और इंजीनियरिंग एंट्रेंस एग्जाम NEET और JEE को स्थगित करने वाली याचिका को खारिज कर दिया था। जिसके बाद अब यह तय शेड्यूल यानी 1 से 6 सितंबर के बीच जेईई और 13 सितंबर को नीट का आयोजन किया जाएगा।

1:34 PM

रिया और सुशांत के घर काम करने वालों में ड्रग्स को लेकर बात हुई थी, एक्ट्रेस ने सैमुअल मिरांडा से ‘डूबी’ लाने को कहा था

सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में हर दिन नए खुलासे हो रहे हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जांच में ड्रग्स एंगल सामने आने के बाद अब इस मामले की जांच नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने भी शुरू कर दी है। इस बीच रिया के कुछ और चैट्स सामने आए हैं। ये चैट रिया के बनाए एक वॉट्सऐप ग्रुप के हैं। इसमें सैमुअल मिरांडा, शोविक चक्रवर्ती, सिद्धार्थ पिठानी, आयुष शर्मा, आनंदी और दीपेश सावंत भी मेंबर हैं।

ये सभी स्टफ (ड्रग्स) और सिगरेट रोल करने की बात कर रहे हैं। इससे पता चलता है कि इनके तार ड्रग्स से जुड़े हुए थे। इस चैट में वाटरस्टोन रिजॉर्ट की भी बात हो रही है। इसमें 'ड्रग्स' की फोटो भी शेयर की गई है। ये ग्रुप चैट जुलाई 2019 का है।

सामने आई चैट्स में सुशांत के घर पर होने वाली पार्टी की प्लानिंग के साथ कौन सी और कितनी ड्रग्स लेनी है, इस पर बात हो रही है। इसमें ये भी लिखा है कि सुशांत को क्या देना है। हालांकि, इसमें सुशांत कहीं पर बात करते हुए नहीं दिख रहे हैं। इससे पहले रिया ने कुछ न्यूज चैनलों से बात करते हुए कहा था कि उन्होंने लाइफ में कभी ड्रग्स नहीं ली है और वे किसी भी टेस्ट से गुजरने को तैयार हैं।

पहली चैट: इसमें सिद्धार्थ पिठानी, आयुष शर्मा, आनंदी है। इसमें ड्रग्स को लेकर काफी लंबी चर्चा की जा रही है। रिया चक्रवर्ती ने लिखा है- 'डूबी' चाहिए। सुश के लिए 'डूबी' भेजो। सिद्धार्थ पिठानी कहते हैं- ‘मिरांडा यहां पर है।’ डूबी एक तरह की गांजे की सिगरेट होती है।

इसमें ड्रग्स और वाटरस्टोन रिजॉर्ट को लेकर बात हो रही है।

इस चैट में एक अन्य शख्स लिखता है,‘वाटरस्टोन की जिस दिन की बुकिंग की गई थी, वह कैंसिल हो गई है।’ रिया इस सदस्य से कहती हैं कि लिफ्ट का दरवाजा लॉक कर देना। इस चैट में रिया के भाई शोविक भी हैं।

दूसरा चैट: यह सैमुअल मिरांडा का चैट है। इसमें एक व्यक्ति कहता है, ‘अशोक को कॉल करो।’ इसके जवाब में मिरांडा कहते हैं, ‘स्टफ’ के लिए न? इसके जवाब में कोई पूछता है, ‘हमारे पास अब नहीं है।’ जिस पर मिरांडा कहते हैं, ‘ओके ठीक है।’ सामने से कोई सिद्धार्थ को बताता है, ‘सिर्फ एक डूबी बची है।’ आगे सिद्धार्थ कहते हैं, ‘अशोक किसके हवाले से कह रहे हैं कि वे मैनेज कर देंगे।’ इस पर सामने से शख्स कहता है कि मैंने उसे आज लाने के लिए कहा है। इसके बाद सिद्धार्थ अशोक को कॉल करने की बात कहते हैं।

इसमें ड्रग्स के खत्म होने की बात कही जा रही है।

तीसरा चैट: सैमुअल मिरांडा इस ग्रुप में ड्रग्स की एक तस्वीर भी शेयर करते हैं।

सैमुअल मिरांडा द्वारा शेयर तस्वीर।

सुशांत की बहन ने भी शेयर किए ये चैट

इन चैट को सुशांत की बहन श्वेता सिंह कीर्ति ने भी ट्विटर पर शेयर की है। उन्होंने चैट का स्क्रीनशॉट शेयर करते हुए लिखा है कि ये चल क्या रहा था? ये चैट्स रिया चक्रवर्ती, उनके भाई शौविक चक्रवर्ती, सिद्धार्थ पिठानी और सैमुअल मिरांडा सहित अन्य लोगों के बीच बातचीत की हैं।

12:34 PM

'ब्लैक पैंथर' के एक्टर चैडविक बोसमैन का 43 साल की उम्र में निधन, चार साल तक कैंसर से लड़े, लेकिन काम से ब्रेक नहीं लिया

2018 में रिलीज ही 'ब्लैक पैंथर' जैसी फिल्मों में बतौर लीड एक्टर नजर आए हॉलीवुड अभिनेता चैडविक बोसमैन का निधन हो गया है। वे 43 साल के थे। शुक्रवार को उन्होंने लॉस एंजिल्स में अपने घर में ही उन्होंने अंतिम सांस ली। परिवार द्वारा जारी किए गए ऑफिशियल स्टेटमेंट के मुताबिक, चैडविक करीब चार साल से कोलोन कैंसर से जूझ रहे थे।

कैंसर के ट्रीटमेंट के दौरान की कई फिल्में

चैडविक को 2016 में तीसरे स्टेज का कोलोन कैंसर डायग्नोज हुआ था, जो 2020 आते-आते चौथी स्टेज में पहुंच गया था। उन्होंने इसके लिए कई सर्जरी और कीमोथेरेपी कराई। हालांकि, ट्रीटमेंट के दौरान भी उन्होंने काम से ब्रेक नहीं लिया। इस अवधि में उन्होंने 'मार्शल', 'डा 5 ब्लड्स' और 'मा रेनीज ब्लैक बॉटम' जैसी फिल्मों में काम किया। 'डा 5 ब्लड्स' और 'मा रेनीज ब्लैक बॉटम' कोरोनावायरस के चलते रिलीज नहीं हो पाईं।

परिवार ने स्टेटमेंट में लिखा है, "वे सच्चे फाइटर थे। मार्शल से डा 5 ब्लड्स' और 'मा रेनीज ब्लैक बॉटम' तक कई फिल्मों को उन्होंने अपनी अनगिनत सर्जरी और कीमोथेरेपी के दौरान किया। ब्लैक पैंथर' के किंग टी- चल्ला' का किरदार निभाना उनके लिए सम्मान की बात थी।"अपने कैंसर के बारे में चैडविक ने कभी सार्वजनिक तौर पर कुछ नहीं बताया। वे अपने पीछे पैरेंट्स और पत्नी को छोड़ गए हैं। चैडविक की पब्लिसिस्ट निकी फियोरावेंटे की मानें तो उनके बच्चे नहीं हैं।

2013 में आई बायोग्राफिकल फिल्म से मिली पहचान

साउथ कैरोलिना में जन्में चैडविक ने हावर्ड यूनिवर्सिटी से ग्रैजुएशन किया था। 2013 में फिल्म स्टार बनने से पहले वे टीवी पर छोटे-मोटे रोल कर रहे थे। 2013 में आई अमेरिकी स्पोर्ट्स बायोग्राफिकल ड्रामा '42' में उनके किरदार जैकी रोबिनसन ने सभी का ध्यान खींचा और उन्हें हॉलीवुड में स्टार बना दिया। यह फिल्म अमेरिका के पूर्व प्रोफेशनल बेसबॉल प्लेयर जैकी रोबिनसन की जिंदगी पर आधारित थी, जो आधुनिक युग में मेजर बेसबॉल लीग में खेलने वाले पहले अफ्रीकी अमेरिकी प्लेयर थे।

12:34 PM

सुरेश रैना यूएई से लौटे, आईपीएल के इस सीजन में नहीं खेलेंगे; चेन्नई सुपर किंग्स ने कहा- निजी कारण की वजह से देश लौटना पड़ा

आईपीएल 2020 की तैयारियों में व्यस्त चेन्नई सुपर किंग्स के लिए शनिवार को एक परेशानी वाली खबर आई। टीम के मिडल ऑर्डर बैट्समैन सुरेश रैना यूएई से भारत लौट आए हैं। न्यूज एजेंसी के मुताबिक, रैना इस साल इंडियन प्रीमियर लीग में नहीं खेल सकेंगे। रैना के लौटने की वजह व्यक्तिगत बताई गई है। हालांकि, खुद रैना ने इस बारे में अब तक कुछ नहीं कहा।

33 साल के रैना आईपीएल में सीएसके के लिए अब तक 193 मैच खेल चुके हैं। इस दौरान 137 के स्ट्राइक रेट से करीब पांच हजार रन बनाए। इस दौरान 25 विकेट भी उनके नाम दर्ज हुए।

सीएसके ने क्या कहा?
चेन्नई सुपर किंग्स के सीईओ केएस विश्वनाथन ने टीम के ट्विटर हैंडल पर अपने नाम से बयान जारी किया। इसमें कहा- निजी कारणों के चलते सुरेश रैना भारत लौट आए हैं। वे इस सीजन के लिए उपलब्ध नहीं रहेंगे। सीएसके इस वक्त सुरेश और उनके परिवार के साथ खड़ा है। रैना कुछ दिनों पहले टीम के साथ यूएई पहुंचे थे। इस टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी हैं।

15 अगस्त को लिया था संन्यास
सुरेश रैना ने 15 अगस्त को इंटरनेशनल क्रिकेट से रिटायरमेंट का ऐलान किया था। इसी दिन धोनी ने भी संन्यास लिया था। प्रधानमंत्री मोदी ने रैना को पत्र लिखकर भारतीय क्रिकेट में उनके योगदान को सराहा था।

रैना ने 18 टेस्ट, 226 वनडे और 78 टी-20 मैच खेले

रैना ने 18 टेस्ट में 768 और 226 वनडे में 5615 रन बनाए। रैना के नाम 78 टी-20 में 1605 रन हैं। टेस्ट में 1 और वनडे में 5 शतक लगाए। टी-20 में उनके नाम एक शतक है।

7 दिन के लिए क्वारैंटाइन थी टीम

दुबई में आईपीएल की शुरुआत 19 सितंबर से होनी है। चेन्नई की टीम 21 अगस्त को दुबई पहुंची थी। इसके बाद 7 दिन के लिए पूरी टीम को क्वारैंटाइन किया गया था। चेन्नई की टीम को शुक्रवार से ही प्रैक्टिस शुरू करनी थी। इसी दौरान टीम का एक खिलाड़ी और सपोर्ट स्टाफ के 12 लोग पॉजिटिव आ गए।

इसमें सीएसके टीम मैनेजमेंट के सीनियर ऑफिशियल और उनकी पत्नी के अलावा सोशल मीडिया टीम से जुड़े दो मेंबर्स भी शामिल हैं। अब टीम को 7 दिन और क्वारैंटाइन में रहना होगा। इसके बाद चौथा कोरोना टेस्ट होगा। इसकी रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद ही खिलाड़ी ट्रेनिंग शुरू कर पाएंगे।

12:04 PM

भारत में 24 फीसदी स्टूडेंट्स के पास ऑनलाइन एजुकेशन के लिए इंटरनेट कनेक्शन उपलब्ध, शहरी- ग्रामीण और लिंग विभाजन में भी काफी बड़ा अंतर

हाल ही में जारी यूनिसेफ की एक नई रिपोर्ट के मुताबिक, भारत में ऑनलाइन एजुकेशन के लिए सिर्फ 24 फीसदी स्टूडेंट्स के पास इंटरनेट कनेक्शन उप्लब्ध हैं। इसके अलावा शहरी- ग्रामीण और लिंग विभाजन में भी काफी बड़ा अंतर है, जिससे उच्च, मध्यम और निम्न आय वाले परिवारों में पढ़ाई के स्तर पर भी काफी अंतर पड़ सकता है।

स्मार्ट लर्निंग से दूर आर्थिक रूप से कमजोर बच्चे

गुरुवार को रिमोट लर्निंग रिचेबिलिटी रिपोर्ट जारी करते हुए यूनिसेफ ने डिस्टेंस लर्निंग की पहुंच से जूझ रहे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों के लिए चिंता जाहिर की। रिपोर्ट में यूनिसेफ ने कहा कि उपलब्ध आंकड़ों से पता चलता है कि भारत में सिर्फ एक चौथाई घरों (24 फीसदी) में इंटरनेट की पहुंच है। साथ ही एक बड़ा ग्रामीण- शहरी और लैंगिक विभाजन भी है, जिसके के कारण उच्च, मध्यम और निम्न आय वाले परिवारों में सीखने का अंतर भी काफी बड़ा है। ऐसा इसलिए क्योंकि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों की स्मार्ट लर्निंग तक पहुंच नहीं हैं।

लड़कियों की स्मार्टफोन तक पहुंच कम

रिपोर्ट में आगे कहा गया कि ज्यादातर हाशिए समुदायों के बच्चे विशेषकर लड़कियों के पास स्मार्टफोन की पहुंच आसान नहीं और यदि किसी के पास फोन उपलब्ध भी है, तो इंटरनेट कनेक्टिविटी खराब है या गुणवत्ता वाली शिक्षा सामग्री आसान भाषा में उपलब्ध नहीं है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि कोरोना की वजह से देश में करीब 15 लाख से ज्यादा स्कूल बंद है। ऐसे में प्री- प्राइमरी से लेकर सेकेंडरी तक के करीब 28.6 करोड बच्चों की शिक्षा काफी प्रभावित हुई है। इन बच्चों में 49 फीसदी लड़कियां शामिल है, जबकि 6 करोड़ लड़के- लड़कियां कोरोनावायरस से पहले ही स्कूल से बाहर थे।

कोरोना काल में घर पर ही जारी पढ़ाई

वहीं कोरोना को देखते हुए केंद्र और राज्य सरकारों ने घर पर ही पढ़ाई जारी रखने के लिए डिजिटल और गैर- डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए कई पहल शुरू की है। ऐसे में अब यूनिसेफ ने भी बच्चों की सीखने की सामग्री के उपयोग और उसमें सुधार के लिए कई कदम उठाने और रणनीति बनाने का फैसला किया है। इस बारे में यूनिसेफ इंडिया के प्रतिनिधि यास्मीन अली हक ने समुदायों, माता- पिता और स्वयंसेवकों के साथ बच्चों तक पहुंचने और मौजूदा दौर में उनकी पढ़ाई में मदद के लिए संयुक्त दृष्टिकोण अपनाने को कहा है। यास्मीन ने कहा कि मौजूदा दौर में सबसे ज्यादा बच्चे प्रभावित हो रहे हैं। स्कूल बंद है, माता- पिता के पास रोजगार नहीं है और परिवार तनाव से गुजर रहा है। ऐसे में बच्चों की एक पूरी पीढ़ी ने उनकी पढ़ाई को बाधित होते देखा है।

ऑनलाइन एजुकेशन से दूर दुनिया के 46.3 करोड़ बच्चे

यही नहीं, डिजिटल शिक्षा तक पहुंच भी सीमित होने की वजह से सीखने के इस अंतर को कम नहीं किया जा सकता। ऐसे में बच्चों तक पहुंचने के लिए सभी को एक मिश्रित दृष्टिकोण अपनाना होगा। कोरोना की वजह से दुनिया भर में बंद स्कूल के करीब एक तिहाई स्कूली बच्चे यानी 46.3 करोड़ बच्चे ऑनलाइन एजुकेशन हासिल करने में असमर्थ है। ऐसे में यूनिसेफ ने सरकारों से आग्रह किया है जब वह लॉकडाउन ढील देना शुरू करेंगे, तब वे स्कूलों को सुरक्षित ढंग से दोबारा खोलने को प्राथमिकता दें।

100 देशों के बच्चों पर आधारित है रिपोर्ट

यूनिसेफ की यह रिपोर्ट 100 देशों के प्री- प्राइमरी, प्राइमरी, लोयर- सेकेंडरी और अपर सेकेंडरी में पढ़ने वाले स्कूली बच्चों के पास रिमोट लर्निंग के लिए उपलब्ध सामग्री के आधार पर तैयार की गई है। इसके अलावा बच्चों की टीवी, रेडियो, इंटरनेट और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर मिलने वाले स्टडी मैटेरियल की उपलब्धता को भी शामिल किया गया है।

11:34 AM

डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा- मैं चाहता हूं कि इवांका देश की पहली महिला राष्ट्रपति बनें, कमला हैरिस उपराष्ट्रपति पद के काबिल नहीं

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने शुक्रवार को एक और चौंकाने वाला बयान दिया। न्यू हैम्पशायर में समर्थकों को संबोधित करते हुए ट्रम्प ने कहा- मुझे नहीं लगता कि कमला हैरिस उपराष्ट्रपति बनने के काबिल हैं। मुझे ये भी लगता है कि मेरी बेटी और एडवाइजर इवांका ट्रम्प को अमेरिका की पहली महिला राष्ट्रपति बनना चाहिए।

ट्रम्प तुलना तो वाइस प्रेसिडेंट कैंडिडेट्स की कर रहे थे, लेकिन सीधे राष्ट्रपति पर आ गए। उन्होंने कहा- डेमोक्रेटिक पार्टी सिर्फ अमेरिकी लोगों को सपने दिखा सकती है, ये कभी पूरे नहीं हो सकते।

कमला पर फिर निशाना
ट्रम्प ने कमला हैरिस की काबिलियत पर सीधे सवाल उठाए। कहा- वे तो राष्ट्रपति बनने की रेस में शामिल थीं। लेकिन, अब उपराष्ट्रपति बनने की कोशिश कर रही हैं। मुझे लगता है कि मेरी बेटी और एडवाइजर इवांका इस पद के लिए ज्यादा बेहतर उम्मीदवार हैं। मैं ये भी कहूंगा कि इवांका ही अमेरिका की पहली महिला राष्ट्रपति बनें। इस रोल के लिए वे सबसे ज्यादा बेहतर उम्मीदवार हैं। अब तो लोग भी कहने लगे हैं कि वो इवांका को इन महत्वपूर्ण पदों पर देखना चाहते हैं। इसमें कमला की कोई गलती नहीं है।

डेमोक्रेट्स दबाव में
रिपब्लिकन पार्टी के कन्वेंशन में भी ट्रम्प ने जो बिडेन पर निशाना साधा था। इसके बाद उन्होंने कमला हैरिस पर भी तंज कसा था। रिपब्लिकन पार्टी का आरोप है कि हैरिस अमेरिका में नस्लवाद को बढ़ावा दे रही हैं और डेमोक्रेट्स उनका साथ दे रहे हैं। वो एशियाई और अफ्रीकी अमेरिकी लोगों के बीच भी दूरिया बढ़ा रहे हैं। ट्रम्प का आरोप है कि अमेरिकी मीडिया का एक हिस्सा जानबूझकर उन्हें निशाना बनाता है क्योंकि वे सही बात कहते हैं।

जीत का भरोसा
न्यू हैम्पशायर की रैली में ट्रम्प ने कहा- मैं वादा करता हूं कि हम ये चुनाव जीतेंगे और अमेरिका को पहले से ज्यादा सुरक्षित और मजबूत बनाएंगे। हमारी नीतियों पर सवाल उठाने वाले अब तक शायद इन्हें समझ ही नहीं पाए। अमेरिका अपने हितों को कभी किसी को खुश करने के लिए पीछे नहीं छोड़ सकता। हमने पहले भी देश को बहुत मजबूती से आगे बढ़ाया है और आगे भी ऐसा ही करते रहेंगे। अमेरिका झुकने को तैयार नहीं है।

11:34 AM

कुछ ने तालाबंदी में घर से काम किया, कुछ आर्थिक तंगी में पहुंचे तो कुछ मसीहा बनकर लोगों की सेवा में लगे रहे

कोरोनावायरस और लॉकडाउन के चलते एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में 6 महीने से तालाबंदी है। इस दौरान बॉलीवुड सेलेब्स को लेकर कई बातें सामने आईं। कुछ घर में रहते हुए भी काम करते रहे तो कुछ ऐसे भी रहे, जो जॉबलेस होने कारण आर्थिक तंगी में चले गए। कुछ कोरोना और लॉकडाउन के कारण प्रभावित हुए लोगों की मदद कर मसीहा बन गए तो कुछ खुद कोरोना से जंग लड़ने के लिए अस्पताल तक पहुंच गए। इतना ही नहीं, दुर्भाग्यवश इस अवधि में कई बड़े सेलेब्स दुनिया को अलविदा भी कह गए। इस रिपोर्ट में ऐसे ही कुछ तथ्यों पर नजर डालते हैं:-

  • अक्षय कुमार: अक्षय कुमार सबसे पहले A-लिस्टर थे, जिन्होंने लॉकडाउन के दौरान बाहर निकल एक ऐड शूट किया था। हालांकि, यह ऐड भारत सरकार के कैंपेन 'आत्मनिर्भर भारत' के लिए था, जिसका निर्देशन आर. बाल्की ने किया था।
  • अमिताभ बच्चन: बिग बी ने 'केबीसी' के नए सीजन के प्रोमो की शूटिंग लॉकडाउन के दौरान शुरू कर दी थी। इतना ही नहीं, उन्होंने शो के रजिस्ट्रेशन के सवाल भी घर से ही शूट कर प्रोडक्शन हाउस को दिए थे
  • सलमान खान: सलमान खान लॉकडाउन के दौरान पनवेल स्थित अपने फार्म-हाउस पर रहे। उन्होंने इस दौरान अपना यूट्यूब चैनल लॉन्च किया और तीन म्यूजिक वीडियो भी रिलीज किए। इतना ही नहीं, सलमान ने फ्रेश नाम से नई कंपनी भी लॉन्च की, जिसके पहले प्रोडक्ट के तौर पर सैनेटाइजर मार्केट में उतारा था।
  • माधुरी दीक्षित: रियलिटी शो 'डांस दीवाने' के लिए पहला प्रोमो घर से शूट किया था। शो के ऑडिशन भी वर्चुअली शुरू किए गए थे। उन्होंने लोगों से आग्रह किया था कि वे घर के किसी भी कोने में अपना डांस वीडियो शूट कर भेज सकते हैं।
  • मनीष पॉल: एक ई-कॉमर्स कंपनी के लिए मनीष पॉल ने गेम शो 'क्या बोलती पब्लिक' वर्चुअली होस्ट किया था।
  • वत्सल सेठ: अभिनेता वत्सल सेठ ने लॉकडाउन के दौरान एक शॉर्ट फिल्म बनाई, जिसका नाम 'कहा तो था' है। यह फिल्म उनके और उनकी पत्नी ईशा दत्ता पर पिक्चराइज थी।
  • मीका सिंह : मीका सिंह ने लॉकडाउन के दौरान दो म्यूजिक वीडियो घर से ही शूट किए। इनमें से एक 'क्वारैंटाइन लव' चाहत खन्ना के साथ फिल्माया गया था। जबकि दूसरे गीत 'तुम जो मिल गए हो' में वे नताशा सूरी और प्रिया बनर्जी के साथ नजर आ रहे हैं।"

इन सबके अलावा करन जौहर, अक्षय कुमार, ट्विंकल खन्ना, अनिल कपूर, सोनम कपूर, आयुष्मान खुराना, कार्तिक आर्यन, वरुण धवन समेत कई सेलेब्स किसी न किसी बहाने सोशल मीडिया के जरिए फैन्स के बीच अपनी मौजूदगी दर्ज कराते रहे।

  • सोनू सूद: जब देश में लॉकडाउन हुआ तो प्रवासी मजदूरों को काम और जान का खतरा महसूस हुआ और वे पैदल ही अपने-अपने राज्य के लिए निकल पड़े थे। ऐसे में सोनू सूद उनके लिए मसीहा बने। सूद ने कर्नाटक, बिहार, झारखंड और यूपी जैसे राज्यों के मजदूरों को बस से उनके घर भेजा। उन्होंने ओडिशा के कुछ मजदूरों को केरल से एयर-लिफ्ट किया था। केरल से 177 लड़कियों को फ्लाइट से उड़ीसा उनके घर भेजा था। बताया जाता है कि तीन महीने के अंदर लगभग 20 हजार मजदूरों को सोनू ने उनके घर भेजा था। इतना ही नहीं, उन्होंने मुंबई के डॉक्टर्स और नर्सिंग स्टाफ को रहने के लिए अपना होटल ओपन करवा दिया था। हर दिन उन्होंने 45 हजार लोगों लोगों के खाने-पीने की व्यवस्था की। रमजान के दौरान 25 हजार लोगों को अलग से भोजन कराया।

"सोनू सूद ने ग्राउंड जीरो पर जो किया, उससे वे मिसाल बन गए। उनकी ब्रांड वैल्‍यू में जोरदार इजाफा हुआ है। जो काम सरकार को करना चाहिए था, वह अकेले करते हुए अलग जगह बना ली। बाकी एक्‍टर्स की तरह वो भी पांच-सात करोड़ देकर घर में रह सकते थे। लेकिन,बाहर निकल कर काम करने से उनका सितारा चमक गया। यह यकीनन प्रोफेशनल फ्रंट पर ट्रांसलेट होगा। वो मास के हीरो बन चुके हैं। सोनू की फिल्म आएगी तो यकीनन उसे दर्शकों का जबर्दस्त रिस्पॉन्स मिलेगा।" - अतुल मोहन, ट्रेड एनालिस्ट

  • अमिताभ बच्चन: सोनू सूद की तरह अमिताभ बच्चन ने लगभग 800 प्रवासी मजदूरों को बस और हवाईजहाज से उनके घर भेजा था। ये सभी मजदूर उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों से थे। इसके अलावा बिग बी की कंपनी एबी कॉरपोरेशन लिमिटेड ने हाजी अली ट्रस्ट और पीर मखदूम साहब ट्रस्ट की सहायता से हर दिन 4500 से ज्यादा फूड पैकेट्स मुंबई की अलग-अलग जगहों पर बंटवाए। उनके ऑफिस की ओर से हजार परिवारों के लिए 1000 राशन पैकेट्स (महीने-भर के लिए) भी उपलब्ध कराए गए। अलग-अलग एजेंसीज और लोकल अथॉरिटीज के साथ मिलकर अनगिनत मास्क, सैनेटाइजर्स भी बांटे। उन्होंने अस्पतालों, पुलिस स्टेशन्स, बीएमसी के ऑफिस और अंतिम संस्कार की जगहों पर 20 हजार से ज्यादा पीपीई किट्स भी दान किए।
  • अक्षय कुमार: अक्षय कुमार ने कोविड-19 से लड़ाई के लिए पीएम केयर्स फंड में 25 करोड़ रुपए का योगदान दिया। उन्होंने 3 करोड़ रुपए बीएमसी को मास्क, पीपीई और रेपिड फायर किट्स खरीदने के लिए दिए थे। मुंबई पुलिस फाउंडेशन में भी 2 करोड़ रुपए दिए और 45 लाख रुपए दिहाड़ी मजदूरों की मदद के लिए सिने एंड टीवी आर्टिस्ट्स एसोसिएशन (सिंटा) में जमा कराए थे। इतना ही नहीं, अक्षय इसके बाद भी जहां जरूरत पड़ी, वहां आर्थिक मदद देकर चैरिटी करते रहे।
  • शाहरुख खान : शाहरुख और उनकी कंपनियों ने कोरोनावायरस महामारी से प्रभावितों की खूब मदद की। उन्होंने पीएम केयर्स फंड, महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के सीएम रिलीफ फंड में योगदान दिया। इसके अलावा उन्होंने महाराष्ट्र के मेडिकल स्टाफ को 25 हजार पीपीई किट्स उपलब्ध कराई। साथ ही क्वारैंटाइन केपिसिटी बढ़ाने के लिए अपना ऑफिस बीएमसी को दे दिया था, जहां हर जरूरी सुविधा उपलब्ध कराई गई थीं।

सलमान खान, अजय देवगन, रोहित शेट्टी, प्रियंका चोपड़ा, विकी कौशल, वरुण धवन समेत कई अन्य सेलेब्स ने भी लॉकडाउन से प्रभावितों की मदद के लिए डोनेशन दिया था।

  • राजेश करीर : 'बेगूसराय' जैसे सीरियल्स के एक्टर राजेश करीर लॉकडाउन लगने के बाद इस कदर आर्थिक तंगी में पहुंच गए थे कि उन्होंने मुंबई से अपने गृह राज्य पंजाब जाने के लिए सोशल मीडिया पर 200-500 रुपए की मदद मांगी थी। करीर के मुताबिक, लॉकडाउन के कारण शूटिंग रुकी हुई थी और उन्हें इसके बाद काम मिलने की उम्मीद भी नहीं थी।
  • नूपुर अलंकार : 'स्वरागिनी' जैसे सीरियल्स की एक्ट्रेस नूपुर अलंकर पहले ही पुणे एंड महाराष्ट्र को-ऑपरेटिव (पीएमसी) बैंक पर प्रतिबंध लगने के बाद परेशान थीं, जहां उनका खाता था और पूरा पैसा जमा था। ऊपर से लॉकडाउन के चलते उनकी सेविंग भी खत्म हो गई थी और काम रुक चुका था। इस बीच उनकी मां बीमार हुईं तो उन्हें इलाज के फंड के लिए सोशल मीडिया पर मदद मांगनी पड़ी थी। नूपुर की फ्रेंड रेणुका शहाणे ने एक पोस्ट लिख कर उनके लिए डोनेशन का निवेदन किया था।
  • सोनल वेंगुर्लेकर : सोनल ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में खुलासा किया था कि उन्हें उनके शो 'ये तेरी गलियां' के प्रोड्यूसर की ओर से भुगतान नहीं किया गया। लॉकडाउन के कारण जब वे आर्थिक तंगी में पहुंची तो उन्होंने अपने मेकअप-मैन पंकज से मदद मांगी। दरअसल, सोनल ने पंकज को उनका और उनकी प्रेग्नेंट वाइफ का हाल जानने के लिए फोन किया था। लेकिन, पंकज को यह पता चला कि सोनल आर्थिक तंगी में हैं तो उन्होंने उन्हें 15 हजार रुपए दिए और कहा कि वे ये पैसे उन्हें तब वापस कर दें, जब उनकी पत्नी की डिलीवरी हो।
  • वैशाली ठक्कर: 'ससुराल सिमर का' जैसे शोज की एक्ट्रेस वैशाली ठक्कर लॉकडाउन में इस कदर आर्थिक तंगी में पहुंच गई थीं कि उन्हें अपने घर इंदौर लौटना पड़ा था। वैशाली ने बताया था कि उन्हें 2019 में एक फिल्म के अलावा कोई और काम नहीं मिला था। साथ ही उनकी पूरी सेविंग लॉकडाउन में खत्म हो गई थी।
  • मनमीत ग्रेवाल: 'आदत से मजबूर' जैसे सीरियल्स में नजर आए मनमीत ग्रेवाल लॉकडाउन के कारण बेहद आर्थिक तंगी में पहुंच गए थे। 15 मई को उन्होंने आत्महत्या कर ली थी। 32 साल के मनमीत इंडस्ट्री छोड़ एब्रॉड शिफ्ट होना चाहते थे। लेकिन, लॉकडाउन के कारण सबकुछ अटक गया था।
  • इरफान खान: कोलोन इंफेक्शन के चलते इरफान खान 29 अप्रैल का निधन हो गया था। 53 साल के इरफान न्यूरोएंडोक्राइन ट्यूमर से भी जूझ रहे थे। उन्होंने 2018 में इस बीमारी का खुलासा किया था जिसके बाद लंदन में लंबे समय तक उनका इलाज भी चला था।
  • ऋषि कपूर: 67 साल के ऋषि कपूर का 30 अप्रैल को निधन हो गया था। वह ल्यूकेमिया से लड़ रहे थे, जो कि एक तरह का ब्लड कैंसर होता है। अमेरिका में उनका मैरो ट्रीटमेंट चल रहा था। वह पिछले साल न्यूयॉर्क से 11 महीने के बाद इलाज कराकर लौटे थे लेकिन, अप्रैल 2020 में उनकी हालत बिगड़ गई और उनकी मौत हो गई।
  • वाजिद खान: 1 जून को बॉलीवुड के मशहूर म्यूजिक कंपोजर वाजिद खान का निधन हो गया था। वे 42 साल के थे। साजिद-वाजिद की जोड़ी से पॉपुलर हुए वाजिद लंबे वक्त से किडनी की परेशानी से जूझ रहे थे। उनका मुंबई के एक अस्पताल में इलाज चल रहा था।
  • बासु चटर्जी: गुदगुदाती रोमांटिक फिल्मों के भगवान कहे जाने वाले बासु चटर्जी 4 जून को दुनिया को अलविदा कह गए थे। इंडस्ट्री में उनकी पहचान बासु दा के रूप में थी। बासु चटर्जी को छोटी सी बात, रजनीगंधा, बातों बातों में, एक रुका हुआ फैसला और चमेली की शादी जैसी फिल्मों के निर्देशन के लिए जाना जाता है।
  • सुशांत सिंह राजपूत: 14 जून की सुबह सुशांत का शव उनके मुंबई स्थित अपार्टमेंट से मिलने पर सनसनी फैल गई थी। पहले कहा गया कि 34 साल के सुशांत ने फांसी लगाकर आत्महत्या की है लेकिन बाद में मामले में हर दिन नए ट्विस्ट देखने को मिल रहे हैं।
  • सरोज खान: बॉलीवुड में डांसिंग क्वीन के नाम से मशहूर कोरियोग्राफर सरोज खान का 71 की उम्र में 3 जुलाई को दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया था। वे कई दिन से सांस लेने में तकलीफ के कारण बांद्रा के हॉस्पिटल में भर्ती थीं।
  • जगदीप: 8 जुलाई को मुंबई स्थित घर में जगदीप का इंतकाल हुआ। बताया जा रहा कि 81 साल के जगदीप लंबे समय से बीमारियों से परेशान चल रहे थे। जगदीप रमेश सिप्पी की फिल्म 'शोले' (1975) के किरदार सूरमा भोपाली के नाम से पॉपुलर थे।
  • निशिकांत कामत: 'मदारी', 'रॉकी हैंडसम' और 'दृश्यम' जैसी फिल्मों के निर्देशक निशिकांत कामत का निधन 17 अगस्त को हैदराबाद के एक प्राइवेट हॉस्पिटल में हुआ। वे लिवर सिरोसिस नाम की बीमारी से जूझ रहे थे।

इन सब के अलावा टैलेंट मैनेजर दिशा सालियान, मोहित बघेल, ऋतु नंदा, हरीश शाह, परवेज खान, कुमकुम, प्रेक्षा मेहता, चांदना, सुशील गोवड़ा, अनुपमा पाठक और समीर शर्मा का निधन भी लॉकडाउन के दौरान हुआ। इनमें से ज्यादातर ने आत्महत्या की।

11:06 AM

महिंद्रा ने BS6 XUV500 डीजल का ऑटोमैटिक वैरिएंट किया लॉन्च, इसमें तीन वैरिएंट आएंगे; गाड़ी में इतना कुछ नया मिलेगा

महिंद्रा एंड महिंद्रा ने अपनी पॉपुलर XUV500 एसयूवी डीजल का ऑटोमैटिक वैरिएंट लॉन्च कर दिया है। इस एसयूवी को एक्स-शोरूम कीमत 15.65 लाख रुपए है। कंपनी ने इसके तीन वैरिएंट W7, W9 और W11 (O) लॉन्च किए हैं। बता दें कि इस गाड़ी में BS6 2.2-लीटर का इंजन दिया है, जो 6 स्पीड गियर-बॉक्स के साथ लैस है। इस गाड़ी की कीमत मैनुअल गियर-बॉक्स की तुलना में 1.21 लाख रुपए तक ज्यादा है।

महिंद्रा XUV500 डीजल ऑटोमैटिक वैरिएंट की कीमत

वैरिएंट कीमत
XUV500 W7 AT 15.65 लाख रुपए
XUV500 W9 AT 17.36 लाख रुपए
XUV500 W11(O) AT 18.88 लाख रुपए

महिंद्रा XUV500 AT का इंजन
महिंद्रा की गाड़ी में वही डीजल इंजन मिलेगा, जो मैनुअल वैरिएंट में दिया है। यानी इसमें BS6 2.2-लीटर mHawk डीजल इंजन दिया है। ये 153 hp का पावर के साथ 360 Nm का पीक टॉर्क जेनरेट करता है। ये गियरबॉक्स 6 स्पीड गियर-बॉक्स से लैस है। हालांकि, तीनों ऑटोमैटिक वैरिएंट में आपको 4-व्हील ड्राइव का ऑप्शन नहीं मिलेगा।

महिंद्रा XUV500 का एक्सटीरियर
महिंद्रा XUV500 में स्पोर्टी लुक मिलेगा। जिसमें क्रोम-कवर ग्रिल, स्कल्प्टेड लाइन्स के साथ मस्कुलर बोनट, DRLs के साथ प्रोजेक्टर हेडलैंप और सिल्वर रंग की स्किड प्लेट दी गई है। साइड पर एसयूवी को सिल्वर रूफ रेल्स, ब्लैक-आउट बी-पिलर्स, बॉडी-कलर्ड ओआरवीएम और अलॉय व्हील्स दिए हैं। इसका व्हीलबेस 2,700mm और ग्राउंड क्लियरेंस 200mm है।

महिंद्रा XUV500 का इंटीरियर
गाड़ी में एडवांस इंफोटेनमेंट सिस्टम, मॉडर्न इंटीरियर और कनेक्टेड कार फीचर मिलेंगे। इसमें डुअल जोन क्लाइमेट कंट्रोल, हीटेड विंग मिरर, सेफ्टी के लिए 6 एयरबैग्स, पैनारोमिक सनरूफ, वायरलेस चार्जिंग, डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर दिया है।

11:04 AM

CS पढ़ने वाले स्टूडेंट्स का खर्च उठाएगा ICSI, होनहार और आर्थिक रूप से कमजोर स्टूडेंट्स की मदद करने का किया ऐलान

इंस्टीट्यूट ऑफ कंपनी सेक्रेटरी ऑफ इंडिया (ICSI) ने होनहार और आर्थिक रूप से कमजोर स्टूडेंट्स की मदद के लिए बड़ा फैसला किया है। इंस्टीट्यूट ने 'स्टूडेंट्स एजुकेशन फंड ट्रस्ट' के जरिए ऐसे स्टूडेंट्स की पढ़ाई का खर्च देने का फैसला किया है, जो न सिर्फ पढ़ाई में होशियार है, बल्कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से आते हैं। इसके लिए इंस्टीट्यूट ने एक क्राइटेरिया भी तय किया है, जिसके जरिए योग्य स्टूडेंट इसके लिए अप्लाय कर सकते हैं।

कौन कर सकते हैं आवेदन

इसका मकसद मुख्य रूप पर जरूतरमंद बच्चों की मदद करना है, ऐसे में जिन स्टूडेंट्स के परिवार की सालाना कमाई 3 लाख रुपये से कम है, वे इसके लिए अप्लाय कर सकते हैं। परिवार की इनकम 3 लाख से नीचे होने के साथ ही स्टूडेंट के 12वीं क्लास में 65% मार्क्स या ग्रेजुएशन में 60% नंबर हासिल हों। इसके अलावा ऐसे में स्टूडेंट, जिन्होंने 12वीं क्लास में 85 फीसदी नंबर पाए हों या ग्रेजुएशन में 70 फीसदी स्कोर किया हो, वे भी इसके लिए आवेदन कर अपनी पढ़ाई का खर्च पा सकते हैं।

रजिस्ट्रेशन फीस होगी रिफंड

एक ऑफिशियल बयान में इंस्टीट्यूट बताया कि, ''इस स्कीम की गाइडलाइन्स के तहत योग्य छात्रों को कंपनी सेक्रेटरी एग्जीक्यूटिव एंट्रेंस टेस्ट (CSEET) के लिए जमा की गई पूरी रजिस्ट्रेशन फीस वापस की जाएगी। ये फीस एग्जाम पास करने के बाद ही रिफंड की जाएगी।'' वहीं, अगर स्टूडेंट इस एग्जीक्यूटिव प्रोग्राम में एडमिशन लेते हैं, तो बाद में उनकी जमा की गई अन्य फीस भी वापस की जाएंगी। पहले अटेम्प्ट में ही पास करने पर एग्जामिनेशन फीस भी रिफंड कर दी जाएगी।

29 अगस्त को होगी परीक्षा

ICSI ने इस स्कीम की शुरुआत ऐसे बच्चों को मोटिवेट करने के लिए की है, जो आर्थिक रूप से कमजोर है या पढ़ाई में बहुत अच्छे हों और CS का कोर्स करने के इच्छुक हों। आवेदन करने के लिए फॉर्म इंस्टीट्यूट की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध है। इस बार कोरोना की वजह से CSEET का आयोजन रिमोट प्रॉक्टर्ड टेस्ट के आधार पर 29 अगस्त को किया जाएगा। इसके तहत कैंडिडेट्स को किसी सेंटर जाने की जरूरत नहीं होगी, बल्कि वे अपने घरों से ही ऑनलाइन इस एग्जाम को दे पाएंगे।

10:35 AM

लीजेंड के बेटे अशोक कुमार बोले- मेजर ध्यानचंद को भारत रत्न देने की मांग हमारी नहीं, बल्कि आम जनता की है

हॉकी के जादूगर भारतीय लीजेंड मेजर ध्यानचंद का आज 115वां जन्मदिन है। इस मौके पर उनके बेटे अशोक कुमार ने कहा कि ध्यानचंद को हमेशा भारत रत्न देने की मांग उठती रही है। यह हमारी नहीं, बल्कि आम जनता की मांग है।

ध्यानचंद ने भारत को लगातार 3 बार ओलिंपिक में स्वर्ण पदक दिलवाया था। ध्यानचंद की बॉल पर पकड़ बेजोड़ थी, इसलिए उन्हें ‘दी विजार्ड’ कहा जाता था। ध्यानचंद ने अपने इंटरनेशनल करियर में 400 से ज्यादा गोल किए। उन्होंने अपना आखिरी इंटरनेशनल मैच 1948 में खेला था।

अशोक भी हॉकी लीजेंड
अशोक कुमार भी हॉकी लीजेंड रहे हैं। उन्होंने 1975 में पाकिस्तान के खिलाफ हॉकी वर्ल्ड कप में विजयी गोल किया था। यह मैच मलेशिया की राजधानी कुआलालंपुर में हुआ था।

ध्यानचंद की जगह सचिन को सम्मान मिला

अशोक ने भारत रत्न देने की मांग को लेकर कहा, ‘‘यह न सिर्फ हमारे परिवार के लिए, बल्कि सभी खेल प्रेमियों के लिए भी गर्व की बात होगी। सच्चाई यह भी है कि ध्यानचंद को भारत रत्न देने की मांग भारतीय लोगों ने की है, हमने नहीं। अब सिर्फ सरकार को ही इस पर फैसला करना है। मेरी जानकारी के मुताबिक, यूपीए-2 के दौरान खेल मंत्रालय ने दादा (ध्यानचंद) को भारत रत्न दिए जाने की सिफारिश की थी, लेकिन पता नहीं किस कारण से सचिन तेंदुलकर के नाम पर मुहर लग गई।’’

ध्यानचंद जैसा दिग्गज भारतीय महाद्वीप में कोई नहीं
उन्होंने कहा, ‘‘मैं सचिन का सम्मान करता हूं और पसंद भी करता हूं। वे क्रिकेट के महान खिलाड़ी हैं, लेकिन खेल के दिग्गज यह भी मानते हैं कि ध्यानचंद जैसा दिग्गज अब तक भारतीय उपमहाद्वीप में कोई नहीं हुआ है, क्योंकि वे अपराजेय रहे थे।’’

9:48 AM

रिया चक्रवर्ती से आज फिर सवाल-जवाब होंगे; सीबीआई ने पहले दिन 10 घंटे की पूछताछ में 20 सवाल किए थे

एक्टर सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में सीबीआई जांच का आज 9वां दिन है। सुशांत की गर्लफ्रेंड रहीं रिया से आज फिर पूछताछ होगी। सूत्रों के मुताबिक,आज रिया सिद्धार्थ पिठानी, नीरज सिंह, केशव बचनेर और दीपेश सावंत के सामने बैठाकर सवाल पूछे जा सकते हैं। उधर, ड्रग्स मामले की जांच कर रही नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो भी आज रिया को पूछताछ के लिए समन दे सकती है।

इससे पहले शुक्रवार को सीबीआई ने रिया से 10 घंटे पूछताछ की। रिया सुबह करीब 11 बजे डीआरडीओ गेस्ट पहुंची थीं और रात को 9 बजे वहां से निकलीं। इसके बाद सांताक्रूज पुलिस स्टेशन पहुंचीं। उन्होंने अपनी सोसायटी में कुछ पत्रकारों पर हंगामा करने की शिकायत दर्ज करवाई। बाद में पुलिस की टीम उन्हें घर तक छोड़ने गई। सूत्रों के मुताबिक, सीबीआई ने रिया से ये 20 सवाल किए थे-

1. अपने और सुशांत के रिश्ते के बारे में बताएं, कब और कैसे हुई आप दोनों की मुलाकात और कैसे आगे बढ़ा आपका रिश्ता?

2. आठ जून को ऐसा क्या हुआ था कि आप सुशांत का घर छोड़कर चलीं गईं और आपने सुशांत का नंबर भी ब्लॉक कर दिया था?

3. आपको सुशांत की मौत के बारे में किसने बताया? उस समय आप कहां थीं और जानकारी मिलने के बाद आपने क्या किया?

4. सुशांत की मौत की खबर मिलने के बाद क्या आप उनके बांद्रा स्थित घर गई थीं? अगर नहीं तो क्यों, आपकी कुछ तस्वीरें पोस्टमार्टम हाउस के बाहर की आईं हैं। वहां जाने की मंजूरी किसने दी थी?

5. सुशांत के घर में आप किस हैसियत से रह रही थीं? क्या आप उनका फाइनेंस देखती थीं और सुशांत के एटीएम का पिन आपको किसने और क्यों दिया था?

6. सुशांत के परिवार के साथ आपका रिश्ता कैसा था? उनकी बहनों और पिता के आरोप पर आपका क्या कहना है? क्या आपने 15 करोड़ रुपए का गबन किया है?

7. सुशांत का घर छोड़ने के बाद क्या आपने 9 से 14 जून के बीच किसी से सुशांत की सेहत के बारे में जानकारी ली थी?

8. अपने बॉलीवुड सफर के बारे में बताएं, कैसे बॉलीवुड में एंट्री हुई? किसी ने आपकी मदद की और क्या आज भी कोई आप का मेंटर है?

9. सुशांत के डिप्रेशन में होने की जानकारी आपको सबसे पहले कब मिली और आपने सुशांत की कैसे मदद की?

10. सुशांत की मौत को आप क्या मानती हैं? हत्या या आत्महत्या? दोनों ही सूरत में आप किसे जिम्मेदार मानती हैं?

11. घर पर काम करने वालों से सुशांत के कैसे रिश्ते थे? क्या पैसों को लेकर वे बेफिक्र रहते थे या फिर खुद ही पैसे निकाल कर सबको देते थे?

12. सुशांत के करीबी दोस्तों और उन्हें नुकसान पहुंचाने की कोशिश करने वाले संभावित लोगों के बारे में आप क्या जानती हैं?

13. 2017 से 2020 के बीच के आपके कुछ चैट्स सामने आए हैं। इनमें ड्रग्स को लेकर कुछ लोगों से आपकी बातचीत है। इस बारे में आपकी क्या सफाई है?

14. सुशांत डॉक्टर के पास जाते थे या डॉक्टर घर आते थे? सुशांत कौन सी दवाइयां खाते थे, दवाइयों के पर्चे कहां हैं?

15. क्या सुशांत को बॉलीवुड में कोई परेशान कर रहा था? क्या कभी सुशांत का किसी से झगड़ा हुआ? क्या आपको लगता था कि बॉलीवुड से जुड़ा कोई व्यक्ति उन्हें नुकसान पहुंचा सकता था?

16. आप क्या मुंबई पुलिस में किसी अधिकारी को जानती हैं? डीसीपी अभिषेक त्रिमुखे से आपकी 5 बार क्यों बात हुई?

17. सुशांत की कंपनियों में आपकी और आपके परिवार की क्या भूमिका थी? क्या इन कंपनियों में सिर्फ सुशांत के पैसे ही लगे हैं?

18. सितंबर 2019 में आपको सुशांत की कंपनी में डायरेक्टर का पद संभालने के लिए किसने कहा था? क्या आप सुशांत के प्रोफेशन से जुड़े फैसले लेती थीं?

19. सुशांत को आप चाय या कॉफी में मिलाकर सीबीडी क्यों देना चाहती थीं? आपने कहा है कि सुशांत ड्रग्स लेते थे? अगर वे ड्रग्स लेते थे तो आप क्या उनके लिए ड्रग्स लाती थीं?

20. सुशांत के परिवार ने घर से गहने ले जाने, आत्महत्या के लिए उकसाने और परिवार से दूर रखने के आरोपों पर आपका क्या कहना है?

ड्रग्स केस में एनसीबी जल्द रिया का ब्लड सैंपल ले सकती है
सुशांत केस में मनी लॉन्ड्रिंग एंगल की जांच कर रहे प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को होटल कारोबारी गौरव आर्या को समन देकर 31 अगस्त को पेश होने के लिए कहा। गौरव की तलाश में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की टीम ने भी कई जगह छापेमारी की। रिया से ड्रग्स की बातचीत में गौरव का नाम सामने आया था। एनसीबी जल्द रिया का ब्लड सैंपल ले सकती है। एनसीबी ने रिया और उनके भाई शोविक समेत 5 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है।

सुशांत की बहन ने पूछा- रिया देश के सबसे महंगे वकील को फीस कहां से दे रही हैं?
रिया ने एक इंटरव्यू में कहा था, "खार में मेरी एक प्रॉपर्टी है, जिसकी डील की कोशिश मैंने सुशांत से मिलने से पहले ही शुरू कर दी थी। मैंने उस प्रॉपर्टी के 74 लाख रुपए चुकाए हैं। इसमें से 50 लाख रुपए का लोन एचडीएफसी बैंक से लिया था। अब भी लोन चुका रही हूं। 17 हजार रुपये ईएमआई है। अब पता नहीं कहां से दूंगी, क्योंकि मेरी जिंदगी खराब चुकी है।"

रिया के इस बयान पर सुशांत की बहन श्वेता सिंह कीर्ति ने लिखा, "आपको इस बात की चिंता है कि ईएमआई कैसे भरेंगी? मुझे बताइए कि आप देश के सबसे महंगे वकील को पैसे कहां से दे रही हैं।" श्वेता ने रिया को जल्द गिरफ्तार करने की मांग भी की है।